देहरादून। सिख समुदाय को लेकर कांग्रेस नेता हरक सिंह रावत की विवादित टिप्पणी पर जहां राजनीतिक हलचल तेज है, वहीं अब कांग्रेस ने मामले को शांत करने के लिए आधिकारिक स्तर पर सफाई दी है। लगातार बढ़ती प्रतिक्रियाओं और सिख समाज में व्याप्त नाराजगी को देखते हुए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने प्रेस वार्ता कर स्पष्ट किया कि पार्टी का किसी भी समुदाय की भावनाओं को आहत करने का कोई इरादा नहीं था। उन्होंने कहा कि सिख समाज ने इतिहास में धर्म और राष्ट्र की रक्षा के लिए अद्वितीय बलिदान दिए हैं, जिन्हें सदैव सम्मान के साथ याद किया जाता है। गुरु तेग बहादुर, गुरु गोविंद सिंह सहित अनगिनत सिख वीरों ने अपनी शहादत देकर सनातन संस्कृति की रक्षा की है। ऐसे समाज के प्रति कांग्रेस और व्यक्तिगत रूप से उनके मन में बेहद आदर है।
गणेश गोदियाल ने बताया कि हरक सिंह रावत का बयान ‘जुबान फिसलने’ का मामला था, जिसे उन्होंने तुरंत स्वीकार करते हुए माफी भी मांगी। उन्होंने कहा कि राजनीतिक मंचों पर कई बार बोलते हुए शब्द मुख से गलत निकल जाते हैं, लेकिन उसे लेकर किसी समाज की भावनाएं आहत हों तो संवेदनशीलता के साथ उसे सुधारना ही सही कदम होता है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सहिष्णुता और सामाजिक समरसता में विश्वास रखने वाली पार्टी है, इसलिए किसी भी तरह की गलतफहमी को दूर करना आवश्यक था।
कांग्रेस अध्यक्ष ने प्रदेश में सियासी बयानबाजी की गरिमा बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि नेता यदि सोच-समझकर बयान दें तो विवाद और तनाव की स्थिति पैदा होने से बचा जा सकता है। उन्होंने कहा कि पार्टी किसी भी वर्ग, समुदाय, धर्म या समाज के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी की कड़े शब्दों में निंदा करती है। उन्होंने सिख समुदाय के प्रति सम्मान जताते हुए सार्वजनिक रूप से विनम्रतापूर्वक क्षमा याचना की और विश्वास जताया कि दोनों पक्षों के बीच आपसी सौहार्द कायम रहेगा।