देहरादून —रंगों का त्योहार होली अब बस दहलीज पर है और देहरादून के बाजारों में इसकी जबरदस्त रौनक देखने को मिल रही है। रविवार की छुट्टी होने के कारण पलटन बाजार, मोती बाजार और हनुमान चौक जैसे इलाकों में सुबह से ही खरीदारों की भारी भीड़ उमड़ी। इस बार बाजार में बच्चों के लिए कई नए और आकर्षक उत्पाद मौजूद हैं, जो होली के उत्साह को दोगुना कर रहे हैं।
बाजार में ‘नयापन’: मैजिक कैप्सूल और हल्क ग्लास का क्रेज
इस साल बच्चों के लिए पिचकारी और गुब्बारों के साथ-साथ कुछ नया भी बाजार में उतरा है। स्थानीय व्यापारियों के अनुसार, ‘मैजिक कैप्सूल’ और ‘हल्क मैजिक ग्लास’ इस बार हॉट-सेलिंग आइटम बने हुए हैं। इन कैप्सूलों को पानी में डालते ही पानी का रंग बदल जाता है, जो बच्चों के लिए कौतूहल का विषय है। व्यापारियों का कहना है कि हालांकि पहले की तरह हफ्तों पहले से खरीदारी शुरू नहीं होती, लेकिन अब त्योहार के आखिरी 2-3 दिनों में बाजार का क्रेज चरम पर रहता है।
मिठास और पकवान: 40 साल पुरानी ‘अन्नपूर्णा’ की गुजिया का जलवा
होली बिना पकवानों के अधूरी है। मोती बाजार स्थित ‘अन्नपूर्णा कन्फेक्शनरी’ के संचालक बताते हैं कि उनकी दुकान पर 40 वर्षों से शुद्धता और स्वाद का भरोसा कायम है। यहाँ खास तौर पर इलायची वाली गुजिया, मठरी, काजू और नमकीन के एडवांस ऑर्डर लिए जा रहे हैं। इसके अलावा, होली पर तली जाने वाली कचरी और पापड़ की भी दर्जनों वैरायटी—जैसे लहसुन, प्याज, रागी और चावल के पापड़—ग्राहकों को खूब लुभा रहे हैं।
सौहार्द और सुरक्षा का संदेश
बाजार में खरीदारी करने आए स्थानीय निवासियों ने अपील की है कि यह रंगों और खुशियों का त्योहार है, जिसे आपसी मतभेद भुलाकर गले लगकर मनाना चाहिए। उन्होंने त्योहार के दौरान हुड़दंग न करने और दूसरों की सुविधा का ध्यान रखने का भी संदेश दिया।