उत्तराखंड में विधानसभा चुनाव से पहले बीजेपी ने अपना कुनबा बढ़ाना शुरू कर दिया है। श्रीनगर की निर्दलीय मेयर आरती भंडारी ने बुधवार को भाजपा का दामन थाम लिया। उनके साथ श्रीनगर नगर निगम के 10 पार्षदों ने भी बीजेपी की सदस्यता ग्रहण की। आरती भंडारी ने 2025 के निकाय चुनाव में निर्दलीय प्रत्याशी के तौर पर श्रीनगर मेयर का चुनाव जीता था। अब उन्होंने भाजपा में शामिल होकर सियासी तौर पर नया कदम उठाया है। उनके साथ 8 निर्दलीय और 2 कांग्रेस पार्षद भी भाजपा में शामिल हुए हैं। देहरादून में आयोजित कार्यक्रम के दौरान भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने आरती भंडारी और सभी पार्षदों को पार्टी का पटका पहनाकर भाजपा की सदस्यता दिलाई। इस मौके पर कैबिनेट मंत्री और श्रीनगर विधायक धन सिंह रावत भी मौजूद रहे। महेंद्र भट्ट ने भाजपा में शामिल हुए सभी नेताओं और पार्षदों का स्वागत करते हुए कहा कि उनके आने से पार्टी को और मजबूती मिलेगी। उन्होंने दावा किया कि आगामी विधानसभा चुनाव में भाजपा लगातार तीसरी बार उत्तराखंड में सरकार बनाएगी।
Vo: आज बीजेपी पार्टी ज्वाइन कर रही आरती भंडारी 2025 में महापौर चुनी गई थी। उनके पति लखपत भंडारी भाजपा जिला उपाध्यक्ष भी रह चुके हैं। पार्टी से बगावत कर पत्नी के चुनाव लड़ने पर उन्हें भाजपा ने 6 साल के लिए निष्कासित कर दिया था। आज उनको बीजेपी ने फिर एक बार भाजपा में वापसी करवाई है। वैसे महापौर आरती भंडारी अभी तक सरकार की नीतियों पर सवाल खड़े करती नजर आती थी, पर आज उनको उसी सरकार की नीतियों पर भरोसा जाग गया है। उनका कहना है कि उन्हें श्रीनगर का विकास करना है और इसी वजह से वह बीजेपी ज्वाइन कर रही है। अब सवाल उठता है कि क्या निर्दलीय प्रत्याशी जो जीत कर आता है। तो वह किसी पार्टी का सदस्य नहीं है तो वह अपने क्षेत्र का विकास नहीं कर सकता।